प्रभु हम कागजबीर

 प्रभु !  हम

कागजबीर

फेसबुक  जोधा

सोशल  मीडियाधारी

कलम  तोप  से

दगणा  हम

शब्दों  का  ग्वाळा

दड़म - दड़म

कवितों  का

गिरनेड  चुटाणा

स्यां - स्यां  अर

सड़म - सड़म

साहित्यकार

हम  कलाकार

कवि - लेखक

क्रान्तिकारी

प्रभु  हम .......

फजल - ब्यखुनि

औनलैन  हम

गढ़  भाषा

पहरेदार

हिन्दी - इंगलिश

बीबी - बच्चा

हम  यखुलि

ठेकेदार

हम  आयोजक

संयोजक  भी

परपंची

मंच  पुजारी

प्रभु हम ......

संडे - मंडे

छंचर - मंगल

डेली  पोस्ट

कना  छौं

व्हटसप - मैसेंजर

पर  प्रतिदिन

दिव्य  ज्ञान

बंटणा  छौं

सेवक  समाज

जनहित  मा

 मैसेजु  का

हम  संचारी

प्रभु  हम ....

हम  ल्यखणा

उजड़ी  कूड़्यूं

छज्जा - तिबरि

डण्ड्याळि  फर

बांझी  खेती

साग - सगोड़ी

चौकों  जमीं

कण्डाळि फर

गूंणी - बांदर

रिक - सुंगर

सब  छन जो

अत्याचारी

प्रभु  हम.....

प्यां - प्यां कना

पलायन  फर

पर  गौं  मा

रै  नि सकदा

कोदु - झुंगरु की

बात  कना

पण  पुंगड़ौं

बै  नि  सकदा

क्य रैबासी

क्य परदेशी

सब्बु  की

या  लाचारी

प्रभु हम ....

फेसलिटी  मा

फंसे  गयां

उकळि  अब

चैढ़ि  नि सकदा

कोल्ड  ड्रिंक

कुरकुरा  चपाणा

च्यूड़ा  भट

खै  नि सकदा

करणी  धरणी

कुछ आंदी  नि

सलाहकार

हम  भारी

प्रभु  हम .....

*****************

          @सुशील पुखर्याळ

टिप्पणियाँ